महाभारत महाकाव्य के बारे में सभी जानते हैं, जिसमें पाँच पाण्डवों और सौ कौरवों के मध्य हुए भीष्ण युद्ध का विस्तृत वर्णन किया गया है। यह युद्ध कुरूक्षेत्र नामक स्थान पर लड़ा गया था। इस युद्ध के दौरान ही भगवान श्रीकृष्ण ने अर्जुन को महान उपदेश दिया था, जो आज भागवत गीता के रूप में […]
ओणम क्यों मनाया जाता है? इस त्यौहार का क्या महत्व है?
ओणम केरल का एक महत्वपूर्ण त्योहार है, जिसे सितम्बर में मनाया जाता है। ओणम का त्यौहार लगातार दस दिनों तक मनाया जाता हैं। आइये, इस लेख में हम आपको बताएँगे, कि ओणम क्यों मनाया जाता है और इसका क्या महत्व है। कहा जाता है, कि इस दिन राजा महाबली ने भगवान विष्णु से अपनी प्रजा […]
दस जाने-अनजाने गणेश मंदिर
गणपती, गणनायक, विध्न्हर्ता, एकदंत आदि नामों से प्रसिद्ध गणेश देवताओं में अग्रपूजक हैं। कोई भी विशेष कार्य करने से पहले गणपती पूजन किसी भी पूजा का अनिवार्य अंग है। इन्हीं गणेश जी के सम्पूर्ण भारत में विभिन्न प्रसिद्ध मंदिरों हैं। कुछ मंदिर विश्व प्रसिद्ध हैं, जिनके बारे में आप और हम बहुत अच्छी तरह से […]
क्यों पहाड़ी मंदिरो में महिलाओं का पीरियड्स में जाना वर्जित होता है
हमारी भारतीय संस्कृति बहुत सी परम्पराओं और मान्यताओं में विश्वास रखती है। इसमें से कई परंपराएं ऐसी हैं, जो हमे हमारे अतुल्य इतिहास और सभ्यता की याद दिलाती है. लेकिन इनमे से कुछ रूढ़िवादी परंपराएं ऐसी भी हैं, जो हमारे समाज के लिए एक अभिशाप के रूप में उभर कर सामने आ रही है। महिलाओं […]
न तेल सिन्दूर, न हनुमान चालीसा…बस यह काम करिये, हनुमानजी खुद आपके घर विराजमान हो जायेंगे
धर्म ग्रन्थों की माने तो आज के कलयुग में भी हनुमानजी विराजमान हैं, क्योंकि उन्हे अमरत्व का वरदान प्राप्त है। हनुमान जी को “अष्ट सिद्धि नौ निधियों का दाता” कहा जाता है। इन्होंने ही श्रीराम पुत्र लव-कुश को अष्ट सिद्धियों एवं नव निधियों का ज्ञान दिया था। यदि विद्वानों की माने तो सिंदूर, तेल, चोला […]
सुहाग रात में बिस्तर को रजनीगंधा और गुलाब के फूलों से ही क्यों सजाया जाता है?
चाहे कोई भी मजहब या धर्म क्यों न हो, विवाह के बंधन को किसी भी धर्म में सबसे पवित्र स्थान दिया गया है। विवाह न केवल दो आत्माओं का मेल होता है, साथ ही दो परिवारों में भी संबंध स्थापित होते हैं। विवाह के संबंध में पहली रात हर एक शादीशुदा जोड़े के लिए बहुत […]






